Jun 25, 2015

Bhagwat Gita ch1 v 3

Bhagwat Gita
पश्यैतां पाण्डुपुत्राणामाचार्य महतीं चमूम्।
व्यूढां द्रुपदपुत्रेण तव शिष्येण धीमता॥१-३॥

Pasytam pandu-putranam Acharya mahtim chamum
Vyudham drupada-putrena tava shishyena dhimata
Ch. 1 – verse 3

हे आचार्य, आप के तेजस्वी शिष्य द्रुपदपुत्र द्वारा व्यवस्थित की इस विशाल पाण्डू सेना को देखिये।