Jul 17, 2015

Bhagwat Gita Ch. 1 – verse 23

Bhagwat Gita

तोत्स्य्मानानवेक्षेsहं य एतेअत्र समागताः |
धार्तराष्ट्रस्य दुर्बुद्धेर्युद्धे प्रियचिकीर्षवः || २३ ||

Ch. 1 – verse 23

दुर्बुद्धि दुर्योधन का युद्ध में प्रिय चाहने वाले राजाओं को जो यहाँ युद्ध के लिये एकत्रित हुये हैं मैं देखूँ लूं।